सिरसा, जहां दलबदलुओं को नकारा मतदाताओं ने

सिरसा(मनमोहित ग्रोवर)। जागरूक मतदाताओं ने सिरसा जिले में हरियाणा विधानसभा चुनाव में उतरे प्रत्याशियों में से दलबदलू तथा निर्दलीयों को नकार दिया है, जिस कारण कांग्रेस छोड़कर भाजपाई बने पूर्व मंत्री जगदीश नेहरा, पूर्व मंत्री स्व.लछमण दास अरोड़ा की पुत्री सुनीता सेतिया, इनैलो छोड़कर भाजपाई ध्वज उठाने वाले पवन बैनीवाल, निर्दलीय विधायक रहे हलोपा सुप्रीमों गोपाल कांडा और उनके अनुज भाई गोबिंद कांडा को पराजय का सामना करना पडा है, जबकि कांग्रेस, बसपा सहित निर्दलीयों  को मतदाताओं ने स्वीकार नहीं किया है। नेहरा तथा गोबिंद कांडा रानियां, सुनीता सेतिया व गोपाल कांडा सिरसा, पवन बैनीवाल ऐलनाबाद से चुनावी दंगल में कांग्रेस, बसपा, हलोपा तथा निर्दलीय प्र्रत्याशियों के साथ उतरे थे, मगर जिले की पांच विधानसभा क्षेत्रों में कालांवाली को छोड़कर इनैलो ने विजयी परचम लहराया है। इनैलो ने नैना चौटाला(डबवाली), अभय चौटाला (ऐलनाबाद), रामचंद कंबोज (रानियां) तथा मक्खन सिंगला (सिरसा) विधानसभा में पहुंचे है, जबकि कालांवाली से विधायक चुने गए बलकौर सिंह को इनैलो का समर्थन था। भाजपा सत्ता में आने के साथ साथ जिला सिरसा में अपना जनाधार बढ़ाने में तो सफल हो गई है, मगर खाता नहीं खुला।(प्रैसवार्ता)

No comments