एक छोटी सी कोशिश किसी बच्चे की बदल सकती है जिदंगी: चाइल्ड लाइन

सिरसा(प्रैसवार्ता)। बच्चे भावी भारत के निर्माता हैं, बच्चों को उनके अधिकारों के बारे में अधिक जागरूकता होने से बच्चे युवा बनकर देश, प्रदेश व समाज के विकास में अहम भूमिका निभा सकते हैं। यह बात नगराधीश निर्मल नागर ने गुरूवार को स्थानीय पंचायत भवन में 'चाइल्ड सर्वाइवल इंडिया व सेव द चाइल्ड संस्था' द्वारा आयोजित कार्यक्रम में हस्ताक्षर अभियान की शुरूआत करते हुए कही। उन्होंने कहा कि बच्चों को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक करना चाहिए। इस प्रकार के कार्र्योंे के लिए समाजसेवी संस्थाओं को आगे आना चाहिए ताकि बच्चे अपने अधिकारों के बारे में अधिक जागरूक हो सकें और समाज में प्रदेश के सर्वागिण विकास में अपना अहम योगदान दे सकें। उन्होंने कहा कि बच्चों को अच्छी शिक्षा दें और उनमें अच्च्छे संस्कार दें ताकि वे देश व प्रदेश के विकास में योगदान दे सकें। उन्होंने कहा कि प्रशासन की और से इस प्रकार की समाजसेवी संस्थाओं को भरपूर सहयोग दिया जाएगा ताकि वे अधिक से अधिक बच्चों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक कर सकें। इस मौके पर दीपा बजाज मुख्य कार्यकारी अधिकारी चाइल्ड सर्वाइवल इंडिया दिल्ली ने बाल अधिकारों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान चाइल्ड लाइन सिरसा की टीम मैम्बर प्रीति अरोड़ा ने चाइल्ड लाईन के टोल फ्री न. 1098 की जानकारी दी कि किस प्रकार हम इसके द्वारा बच्चों की सहायता कर सकते है। उन्होंने बताया कि यह सर्विस 24 घंटे चलने वाली फ्री सेवा है जिसके अतंर्गत गुमशुदा बच्च, जरूरमंद, शोषित बच्चे जिनको देखभाल व सुरक्षा की जरूरत है वह इस सेवा से लाभ उठा सकते है और इस कार्य में सहयोग के रूप में बाल कल्याण समिति व बाल सरक्षंण अधिकारी तथा जुवेनाईल जस्टिस बोर्ड चाइल्ड लाइन की मदद करती है।  कार्यक्रम में जिला बाल कल्याण अधिकारी कमलेश चाहर, रैडक्रास से प्रदुम्न कुमार, डीडीपीओ डबवाली राजेश शर्मा, बाल  कल्याण समिति की चेयरपर्सन मुखी रेणू मुखी, सुरक्षा अधिकारी अजंना, लीगल ऑफिसर डा. मोनिका चौधरी, चाइल्ड लाइन कोर्डिनेटर ममता, टीम मैम्बर राखी फुटेला, जसप्रीत सिहं, भंवर लाल स्वामी व कांउसलर आदि उपस्थित थे।

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