जुआरियों का अड्डा बना बिज्जूवाली बस स्टैंड, पुलिस सब कुछ जानते हुए भी नहीं कर रही कारवाई

गोरीवाला/सिरसा (हेमराज बिरट)। गांव बिज्जूवाली का बस स्टैंड इन दिनों जुआरियों का अड्डा बनकर रह गया है। बस स्टैंड पर स्थित बस क्यू शैल्टर में जुए का खेल चरम पर है। लोगों की माने तो जुआ खेलने के पीछे नशे की लत ही मुख्य वजह मानी जा रही है। यहां सूर्योदय से दिन ढलने तक जगह-जगह आठ-आठ आदमियों का गुट जुआ खेलते आसानी से देखा जा सकता है। इसमें युवाओं की संख्या अधिक है। ऐसा भी नहीं है कि जुआ खेलने वालों के ठिकाने से पुलिस वाकिफ न हो, बल्कि सब कुछ जानते हुए भी पुलिस ऐसे ठिकानों पर दबिश देकर कार्रवाई नहीं कर रही है। जिससे यह धंधा तेज गति से फल-फूल रहा है। बेरोकटोक सरेआम खेले जाने वाले इस खेल में संलिप्त लोगों के जहां परिजन परेशान हैं, वहीं इस खेल को अंजाम देने वाले कुछ लोगों की तो शाम तक नोटों से जेब भर जाती है तो कुछ जेब का पैसा गंवा देने के बावजूद भी सिर पर कर्जा लेकर ही घर की दहलीज पर पहुंचते हैं। चर्चा है कि जुए के इस धंधे में संलिप्त लोग शाम तक हजारों रूपए तक कमा लेते हैं, लेकिन यह भी सच है कि जुआ का पैसा उन्हें शुभ रास्ते की बजाय बर्बादी के रास्ते पर ही धकेल रहा है। इससे परिवार में भी तनाव बनता है, परंतु नशे की लत से वे चाह कर भी जुए को छोड़ नहीं सकते। इसके अलावा लोगों की सुविधा के लिए लाखों रूपये की लागत से बनाया गया बिज्जूवाली बस स्टैंड पर क्यू शैल्टर जुआरियों, शराबियों व असामाजिक तत्वों का अड्डा बन कर रह गया है और सुविधाओं के अभाव से जहां यात्री बैठना पसंद नहीं करते, वहीं इसका फायदा असामाजिक तत्व उठाते हुए इसे अपना महफूज अड्डा बना चुके हैं। इतना ही नहीं यहां पर हर रोज गांव से बाहर स्कूल-कॉलेजों में जाने वाली छात्राओं व महिलाओं को भी बस स्टैंड पर बैठने के लिए उचित प्रबंध न होने के चलते काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। बिज्जूवाली बस स्टैंड पर देख कर यही लगता है कि यहां असामाजिक तत्वों का ही साम्राज्य कायम है व पुलिस सब कुछ जानते हुए भी आंखे बंद करके बैठी है। इससे पुलिस की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जुआरियों व असामाजित तत्वों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इस बारे में सरपंच राजाराम बिरट से बात गई तो उन्होंने कहा कि बस स्टैंड पर ताश खेलने वालों को कई बार रोका गया है, परंतु कोई फायदा नहीं हुआ है, फिर भी दोबारा इस ओर कोई उचित कदम उठाया जाएगा। गोरीवाला पुलिस चौकी के प्रभारी भानाराम से बात की गई तो उन्होंने कहा कि पुलिस कर्मचारी गश्त पर हैं और पुलिस को अभी मौके पर भेज कर जुआरियों को वहां से हटा देते हैं।

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