सरकार से मिली नहीं, ऊपर वाले ने भी छीनी छत

सिरसा(प्रैसवार्ता)। कुछ व्यवस्था की मार और कुछ कुदरत की मार ऐसी पड़ी कि उसे सिर से छत दूर हो गई है। दिहाड़ी मजदूरी कर अपने परिवार का पोषण करने वाले हरबंस पर कुदरत का कहर कुछ इस प्रकार टूटा कि शुक्रवार रात्रि को उसकी घर की छत नीचे आ गिरी। किसी प्रकार जुटाई लगभग 70-80 हजार रुपये की घरेलू वस्तुएं नष्ट हो गई और पत्नी हरजिंद्र कौर भी छत गिरने से घायल हो गई। शनिवार को सरकारी अस्पताल में उसके सिर में चार टांके लगवाने पड़े। रोजगार का कोई नियमित स्रोत न होने की वजह से हरबंस घायल पत्नी का इलाज करवाने में भी असमर्थ है। शुक्रवार रात्रि लगभग एक बजे ऐलनाबाद खंड के गांव तलवाड़ा खुर्द निवासी हरबंस सिंह पुत्र सज्जन के घर की छत अचानक ढह गई। हादसे में उसकी पत्नी हरजिंद्र कौर घायल हो गई। घायल को उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में पहुंचाया गया जहां उसके सिर पर टांके लगाकर उसे छुट्टी दे दी गई। हरबंस ने बताया कि वह दिहाड़ी मजदूरी करता है। छत गिरने से उसके घर का सामान टूटकर नष्ट हो गया और पत्नी भी घायल हो गई।?गरीबी पर कुदरत ने ऐसी मार मारी की उसकी कमर टूट गई है। हरबंस ने जिला प्रशासन की ओर मदद की गुहार लगाई है। उसने बताया कि कुछ वर्ष पूर्व उसे सरकारी कोटे से मकान मिलना था मगर वह घूस नहीं दे पाया इसलिए गुलाबी राशन कार्ड होने के बावजूद योजना का लाभ नहीं मिला। किसी प्रकार अपना गुजर-बसर कर रहा था, मकान की छत गिरने से वह बेघर हो गया है।

No comments